Date: 09/08/2026 Sunday
ABOUT US
ADVERTISE WITH US
Contact Us
Koylanchal Live
बड़ी खबरें
देश प्रदेश
राज्य
MUMBAI
महाराष्ट्र
राजस्थान
गुजरात
उत्तराखंड
पश्चिम बंगाल
तमिलनाडु
ओडिशा
पंजाब
झारखण्ड
उत्तर प्रदेश
जम्मू कश्मीर
दिल्ली
आंध्र प्रदेश
बिहार
छत्तीसगढ़
MADHYA PRADESH
HIMACHAL PARADESH
राजधानी
रांची
पटना
लखनऊ
राजनीति
अपराध जगत
स्पोर्ट्स
वर्ल्ड न्यूज़
बिज़नेस
इंटरटेनमेंट
कोयलांचल लाइव TV
फोटो गैलरी
6 मौतों वाले डायरिया कांड से सबक, पूर्वी टुंडी में स्वास्थ्य विभाग अलर्ट; 30 गांव आए थे चपेट में
8/9/2026 11:54:45 AM IST
17
कोयलांचल लाइव डेस्क, Koylachal Live News Team
धनबाद :
अगस्त 2025 धनबाद जिले के इतिहास में एक दर्दनाक अध्याय के रूप में दर्ज हो गया, जब पूर्वी टुंडी प्रखंड के आदिवासी टोला समेत करीब 30 गांवों में डायरिया का प्रकोप फैल गया था। इस दौरान लगभग 120 लोग डायरिया की चपेट में आए थे, जबकि महज दो महीने के भीतर 6 लोगों की मौत हो गई थी। इस घटना ने पूरे जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग को झकझोर कर रख दिया था। डायरिया के बढ़ते मामलों के बाद स्वास्थ्य विभाग की टीमों ने प्रभावित इलाकों में पहुंचकर मरीजों का उपचार शुरू किया था। साथ ही लोगों को स्वच्छ पेयजल, साफ-सफाई और खान-पान को लेकर जागरूक किया गया। घटना के बाद स्वास्थ्य विभाग ने इसे गंभीरता से लेते हुए प्रभावित क्षेत्रों में निगरानी और जागरूकता अभियान को लगातार जारी रखने की रणनीति बनाई। अगस्त 2025 की घटना को करीब एक साल बीतने के बाद भी पूर्वी टुंडी के ग्रामीण उस भयावह दौर को नहीं भूले हैं। डायरिया के कारण कई परिवारों को अपनों को खोना पड़ा था। बीमारी के तेजी से फैलने के कारण ग्रामीणों के बीच भय का माहौल बन गया था। घटना के बाद स्वास्थ्य विभाग ने इस बात पर विशेष जोर दिया कि भविष्य में ऐसी स्थिति दोबारा पैदा न हो। इसके लिए ग्रामीण क्षेत्रों में लगातार जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। पूर्वी टुंडी के रघुनाथपुर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र की ओर से ग्रामीणों को डायरिया से बचाव के उपाय बताए जा रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग की टीम लोगों को साफ पानी पीने, भोजन को ढककर रखने, हाथों को साबुन से धोने और आसपास गंदगी जमा नहीं होने देने के प्रति जागरूक कर रही है। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के प्रभारी विकास राणा ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग की ओर से लगातार जागरूकता कार्यक्रम चलाए जा रहे हैं। ग्रामीणों को डायरिया के लक्षण दिखाई देने पर तुरंत स्वास्थ्य केंद्र पहुंचने की सलाह दी जा रही है, ताकि समय पर उपचार शुरू किया जा सके।उन्होंने कहा कि डायरिया जैसी बीमारी में लापरवाही जानलेवा साबित हो सकती है। खासकर बच्चों, बुजुर्गों और कमजोर लोगों में शरीर से पानी और जरूरी लवण तेजी से कम होने का खतरा रहता है। ऐसे में मरीज को समय पर ओआरएस और चिकित्सकीय उपचार उपलब्ध कराना बेहद जरूरी है। पिछली घटना से सबक लेते हुए स्वास्थ्य विभाग इस बार स्वच्छ पेयजल और साफ-सफाई को लेकर विशेष सतर्कता बरत रहा है। ग्रामीणों को बताया जा रहा है कि दूषित पानी और अस्वच्छ भोजन डायरिया के प्रमुख कारणों में शामिल हैं।
कोयलांचल लाइव डेस्क
Disclaimer:
Tags:
0 comments. Be the first to comment.
सम्बंधित खबरें
#
शादी से इनकार पर 250 KM दूर पहुंची प्रेमिका, थाने में मामला; पुलिस की मौजूदगी में मंदिर में हुई शादी
#
छाताबाद भूधंसान पर STG के खिलाफ लोगों का आक्रोश, आउटसोर्सिंग कंपनी का काम अनिश्चितकाल के लिए बंद
#
आरा में पाइपलाइन लीकेज से हजारों लीटर शुद्ध पानी बर्बाद, प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल
#
टुंडी के माधो जोड़ा में गूंजी मांदर की थाप, पारंपरिक अंदाज में मना विश्व आदिवासी दिवस
#
भारत छोड़ो आंदोलन की वर्षगांठ पर शहीदों को श्रद्धांजलि, BJP नेता मनीष पंकज मिश्रा ने किया नमन
ट्रेंडिंग न्यूज़
#
रेल यात्री संघर्ष समिति ने चलाया हस्ताक्षर अभियान, विधायक सरयू राय ने कहा...
#
एशियन गेम्स 2026 में स्वर्ण पदक बचाने उतरेंगे नीरज चोपड़ा, AFI ने की पुष्टि
#
पुलिस की बड़ी कार्रवाई : चार अवैध शराब भट्टियों को किया ध्वस्त, पांच तस्कर गिरफ्तार
#
बार क्लब में हुआ बवाल: देर रात हुई दो गुटों में खूनी संघर्ष, दो युवक घायल
#
समिति सदस्य के बेटे की हत्या से मची सनसनी, 24 घंटे में गिरफ्तारी नहीं हुई तो थाना घेराव की दी चेतावनी